Yuva Haryana: दशहरे के त्योहार के ठीक एक दिन बाद प्रदेश के कई शहरों में वायु प्रदूषण में भारी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। आतिशबाजी और मौसम के बदलाव के कारण हवा में घुला धुआं अब चिंता का कारण बन रहा है।
चरखी दादरी की हवा सबसे खराब, NCR के शहरों का बुरा हाल
बुधवार को हरियाणा के चरखी दादरी का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) उछलकर 248 तक पहुंच गया। वहीं, राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली का AQI 244 दर्ज किया गया।
दिल्ली से सटे एनसीआर (NCR) के शहरों में स्थिति बिगड़ने लगी है। बहादुरगढ़, गुरुग्राम और मानेसर जैसे प्रमुख शहरों में AQI 200 के आंकड़े को पार कर गया है।
दिल्ली-NCR में ग्रैप-1 (GRAP-1) लागू
हवा का स्तर खराब होता देख वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) ने एनसीआर में ‘ग्रैप-1’ (Stage-1 GRAP) लागू कर दिया है। CAQM ने हरियाणा सरकार और स्थानीय प्रशासन की तैयारियों की समीक्षा के लिए गुरुवार को चंडीगढ़ में संबंधित विभागों की एक अहम बैठक बुलाई है।
हरियाणा में अब तक पराली जलाने के 11 मामले आए सामने
आंकड़ों के अनुसार, 15 सितंबर से 21 अक्टूबर के बीच प्रदेश में फसल अवशेष (पराली) जलाने के कुल 11 मामले सामने आए हैं।
पिछले 24 घंटे में: करनाल से 2 नए मामले रिपोर्ट हुए हैं।
जिलों का हाल: अब तक करनाल में 2, पलवल में 2, सोनीपत में 2, फरीदाबाद में 1, हिसार में 1, हंसी में 1, पंचकूला में 1 और सिरसा में 1 मामला सामने आया है।
प्रशासनिक कार्रवाई: पराली जलाने वाले 2 किसानों के खिलाफ FIR दर्ज की गई है और उन पर जुर्माना भी लगाया गया है।

