Yuva Haryana: हरियाणा में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने और अपराध पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस प्रशासन ने सख्ती बढ़ा दी है। पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) अजय सिंघल ने गुरुवार को पुलिस मुख्यालय पंचकूला में वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक के दौरान डीजीपी ने जानकारी दी कि राज्य में सितंबर 2026 तक पिछले वर्ष की तुलना में भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत दर्ज मामलों में 9.35 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई है।
हार्डकोर अपराधियों पर शिकंजा, 15 दिनों का विशेष अभियान
डीजीपी अजय सिंघल ने समीक्षा बैठक में निर्देश दिए कि राज्य में हार्डकोर और वांछित अपराधियों की धरपकड़ के लिए अगले 15 दिनों तक एक विशेष अभियान चलाया जाएगा। इसके अलावा, राज्य भर में रात्रि नाकाबंदी और पुलिस गश्त (पेट्रोलिंग) को अधिक प्रभावी और मुस्तैद बनाने के सख्त निर्देश दिए गए हैं।
साइबर अपराध पर नकेल और 204 नए पदों को मंजूरी
साइबर अपराधों पर लगाम कसने के उद्देश्य से ‘हरियाणा साइबर क्राइम को-ऑर्डिनेशन सेंटर’ (H4C) में 204 नए पद स्वीकृत किए गए हैं। इनमें पुलिस, राजपत्रित, मंत्रालयिक, ग्रुप-डी और 9 संविदा आईटी (IT) विशेषज्ञ शामिल हैं।
डीजीपी ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि:
- साइबर ठगी के शिकार पीड़ितों को जल्द से जल्द उनकी राशि वापस कराई जाए।
- लंबित शिकायतों की ऑनलाइन मॉनिटरिंग कर उनका समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।
‘अभेद्य‘ ऐप की समीक्षा और सुरक्षा के कड़े इंतजाम
बैठक के दौरान सुरक्षा व निगरानी के लिए तैयार किए गए ‘अभेद्य’ ऐप की कार्यप्रणाली की भी समीक्षा की गई।
- अब तक इस ऐप को 25 हजार से अधिक लोग डाउनलोड कर चुके हैं।
- डीजीपी ने सुरक्षा या धमकी की आशंका वाले व्यक्तियों को प्राथमिकता के आधार पर इस ऐप से जोड़ने के निर्देश दिए हैं।

