Yuva Haryana: हरियाणा सरकार ने सेना में चार साल की सेवा पूरी कर लौटने वाले पूर्व अग्निवीरों के लिए सरकारी नौकरियों और भर्ती प्रक्रियाओं में बड़ी राहत दी है। प्रदेश सरकार ने अग्निवीरों के लिए आरक्षण और परीक्षा संबंधी छूट को लेकर विस्तृत निर्देश और आधिकारिक अधिसूचना जारी कर दी है। राज्य के मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी द्वारा जारी इन नए निर्देशों को 1 सितंबर 2026 से प्रभावी माना जाएगा।
जानिए किस पद पर कितना मिलेगा आरक्षण
हरियाणा सरकार के आदेशानुसार, राज्य के मूल निवासी पूर्व अग्निवीरों को विभिन्न श्रेणी के पदों पर horizontal (क्षैतिज) आरक्षण प्रदान किया जाएगा:
- ग्रुप-सी के सामान्य पद (कुल 5% आरक्षण)
डीएससी (DSC): 1%
अन्य अनुसूचित जाति (ST/SC): 1%
बीबीसी-ए व बी (संयुक्त): 1%
सामान्य वर्ग व ईडब्ल्यूएस (संयुक्त): 3%
- पुलिस, जेल, वन और खनन विभाग के पद (कुल 20% आरक्षण)
सामान्य वर्ग (General): 9%
बीबीसी-ए (OBC-A): 3%
डीएससी (DSC): 2%
अन्य अनुसूचित जाति: 2%
बीबीसी-बी (OBC-B): 2%
ईडब्ल्यूएस (EWS): 2%
शारीरिक परीक्षा और प्रवेश परीक्षाओं में मिली विशेष छूट
परीक्षा में राहत: सभी प्रवेश परीक्षाओं में अग्निवीरों को विशेष छूट प्रदान की जाएगी।
शारीरिक जांच (PST/PMT) से राहत: 20% आरक्षण के तहत आने वाले पदों—जैसे पुलिस कांस्टेबल, इंडिया रिजर्व बटालियन (IRB), राज्य आपदा मोचन बल (SDRF) कांस्टेबल, फॉरेस्ट गार्ड, वाइल्डलाइफ गार्ड, जेल वार्डर, माइनिंग गार्ड और फायर ऑपरेटर-कम-ड्राइवर—में शारीरिक स्क्रीनिंग टेस्ट (Physical Screening Test) से छूट मिलेगी।
पीएमटी (PMT) से छूट: वाइल्डलाइफ गार्ड, IRB, SDRF और फायर ऑपरेटर पदों के लिए शारीरिक मापदंड परीक्षण (Physical Measurement Test) भी नहीं होगा।
अग्निवीरों के बैच और उपलब्ध पदों का ब्योरा
वर्ष 2022-23 में भर्ती हुए 2,227 अग्निवीरों का पहला बैच अगले महीने (नवंबर) में सेवानिवृत्त हो रहा है। इसके बाद 2027 में 2,893 और 2028 में 2,108 अग्निवीर अपनी सेवा पूरी करके वापस लौटेंगे।
राज्य सरकार ने पूर्व अग्निवीरों को समायोजित करने के लिए पुलिस, जेल, वन विभाग और आपदा प्रबंधन (Disaster Management) में 3,685 पदों की मंजूरी पहले ही प्रदान कर दी है।
योग्य उम्मीदवार न मिलने पर क्या होगा?
अधिसूचना के अनुसार, यदि आरक्षित पदों के लिए योग्य पूर्व अग्निवीर उपलब्ध नहीं हो पाते हैं, तो संबंधित श्रेणी के अन्य योग्य सामान्य उम्मीदवारों से उन पदों को भरा जा सकेगा। इसके अलावा, नियुक्ति मिलने के बाद संबंधित विभाग के सामान्य सेवा नियम ही लागू रहेंगे।

