By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
Yuva HaryanaYuva HaryanaYuva Haryana
Notification Show More
Font ResizerAa
  • Home
  • आज की ताजा खबर
  • हरियाणा न्यूज़
  • हरियाणा सरकार
  • भारत
  • स्वास्थ्य एवं जीवनशैली
  • खेल खिलाड़ी
  • राजनीति
  • सोशल-वायरल
  • कृषि
  • धर्म
  • अन्य
  • मनोरंजन
Reading: हरियाणा की मंडियों में बाहरी धान पर सवाल
Share
Font ResizerAa
Yuva HaryanaYuva Haryana
Search
  • Home
  • आज की ताजा खबर
  • हरियाणा न्यूज़
  • हरियाणा सरकार
  • भारत
  • स्वास्थ्य एवं जीवनशैली
  • खेल खिलाड़ी
  • राजनीति
  • सोशल-वायरल
  • कृषि
  • धर्म
  • अन्य
  • मनोरंजन
Have an existing account? Sign In
Follow US
हरियाणा न्यूज़कृषि

हरियाणा की मंडियों में बाहरी धान पर सवाल

Bhawana Vats
Last updated: October 20, 2026 2:30 pm
Bhawana Vats - Editor
Published: October 20, 2026
Share
SHARE

हरियाणा की मंडियों में पंजाब-UP की धान की बोरियां पहुंचीं, स्थानीय खरीद पर उठे सवाल

Contents
मंडियों में दूसरे राज्यों की बोरियां मिलने से विवादकिसान यूनियन ने उठाई जांच की मांगबारिश के बाद मंडियों में धान रखने की जगह की कमीकई जिलों में धान खरीद और उठान जारीप्रशासन से पारदर्शी खरीद व्यवस्था की मांग

Yuva Haryana: हरियाणा की मंडियों में स्थानीय किसानों की धान खरीद को लेकर सवाल उठने लगे हैं। प्रशासन की ओर से स्थानीय धान की खरीद के दावों के बीच मंडियों में पंजाब और उत्तर प्रदेश की बोरियां पहुंचने से विवाद खड़ा हो गया है। किसानों ने आरोप लगाया है कि दूसरे राज्यों से धान लाकर हरियाणा की मंडियों में उतारा जा रहा है, जिससे स्थानीय किसानों की उपज की खरीद और भुगतान व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं।

कैथल, करनाल, हिसार और आसपास के क्षेत्रों की मंडियों में दूसरे राज्यों की बोरियां दिखाई देने के बाद किसानों ने जांच की मांग उठाई है। किसान संगठनों का कहना है कि यदि बाहरी राज्यों से लाई गई धान की खरीद स्थानीय किसानों के नाम पर होती है, तो इससे सरकारी खरीद व्यवस्था की पारदर्शिता प्रभावित हो सकती है।

मंडियों में दूसरे राज्यों की बोरियां मिलने से विवाद

मंडियों में पंजाब और उत्तर प्रदेश की बोरियां दिखाई देने से स्थानीय खरीद व्यवस्था पर सवाल खड़े हुए हैं। किसानों का कहना है कि प्रशासन स्थानीय धान की खरीद के दावे कर रहा है, लेकिन मंडियों में दूसरे राज्यों की बोरियों की मौजूदगी की जांच होनी चाहिए।

पेड़ काटने के नियम
हर पेड़ की कटाई पर लगाने होंगे 3 पौधे, 5 साल तक देखभाल जरूरी

किसान यूनियन ने मांग की है कि धान की आवक, किसानों के पंजीकरण, खरीद रिकॉर्ड और भुगतान का मिलान कराया जाए। इससे यह स्पष्ट हो सकेगा कि मंडियों में पहुंच रही फसल कहां से आई है और उसकी खरीद किन किसानों के नाम पर दर्ज की जा रही है।

किसान यूनियन ने उठाई जांच की मांग

भारतीय किसान यूनियन के निदेशक मंदीप सिंह राठौड़ ने मामले की जांच कराने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि दूसरे राज्यों से धान लाकर हरियाणा की मंडियों में बेचा जा रहा है, तो इसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।

किसान संगठनों ने सवाल उठाया कि मंडियों में दूसरे राज्यों की बोरियां कैसे पहुंचीं और क्या खरीद प्रक्रिया में निर्धारित नियमों का पालन किया जा रहा है। उन्होंने प्रशासन से धान की उत्पत्ति, आवक रिकॉर्ड और खरीद दस्तावेजों की जांच करने की मांग की है।

बारिश के बाद मंडियों में धान रखने की जगह की कमी

पिछले सप्ताह हुई बारिश के बाद मंडियों में धान रखने की जगह की कमी भी सामने आई है। कुछ मंडियों में धान का उठान धीमा होने के कारण किसानों को अपनी उपज रखने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

हरियाणा की 5 हजार साल पुरानी विरासत राखीगढ़ी को मिलेगी वैश्विक पहचान ?CM सैनी का बड़ा कदम

यमुनानगर की मंडियों में धान की आवक और उठान के बीच अंतर होने से खरीद प्रक्रिया पर दबाव बना हुआ है। किसानों का कहना है कि जब तक मंडियों से खरीदे गए धान का समय पर उठान नहीं होगा, तब तक नई फसल रखने की व्यवस्था प्रभावित होती रहेगी।

कई जिलों में धान खरीद और उठान जारी

यमुनानगर जिले की 13 मंडियों में लगभग 2.09 लाख मीट्रिक टन धान की आवक हुई थी। इसमें करीब 1.72 लाख मीट्रिक टन की खरीद और 1.14 लाख मीट्रिक टन का उठान होने की जानकारी दी गई है।

करनाल, कुरुक्षेत्र और अन्य जिलों में भी धान की खरीद तथा उठान की प्रक्रिया जारी है। हालांकि, उठान में देरी और भुगतान को लेकर किसानों की चिंताएं बनी हुई हैं।

यमुनानगर में धान के उठान और भुगतान के आंकड़ों के बीच स्थानीय किसानों की मांग है कि प्रशासन खरीद प्रक्रिया को तेज करे और मंडियों में पर्याप्त जगह उपलब्ध कराए।

दुनिया का सबसे ऊंचा रावण
पंचकूला में जलेगा दुनिया का सबसे ऊंचा 221 फुट का रावण

प्रशासन से पारदर्शी खरीद व्यवस्था की मांग

किसानों का कहना है कि सरकारी खरीद व्यवस्था का लाभ वास्तविक स्थानीय किसानों तक पहुंचना चाहिए। इसके लिए मंडियों में आने वाली फसल का रिकॉर्ड रखने, किसानों के दस्तावेजों की जांच करने और भुगतान प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने की जरूरत है।

किसान संगठनों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी समस्याओं का समाधान नहीं किया गया, तो वे आंदोलन का रास्ता अपना सकते हैं। अब इस मामले में प्रशासन की जांच और कार्रवाई पर नजर रहेगी।

You Might Also Like

25 नवंबर को हरियाणा आएंगे PM नरेंद्र मोदी, इन कार्यक्रमों में करेंगे शिरकत
हरियाणा के लाखों लोगों को बड़ा फायदा, अपनी जमीन का मिल जाएगा मालिकाना हक
हरियाणा में सुधर रहा लिंगानुपात, इन जिलों में ज्यादा जन्म ले रहीं बेटियां
हरियाणा में जमीन के लिए अपनों का कत्ल ! बेटे ने की पिता-भाई की हत्या, ढाई महीने बाद ऐसे खुला राज
हरियाणा में खिलाड़ियों की सुरक्षा के लिए क्या है सरकार का प्लान? अब सिस्टम सुधारने के लिए ये सख्त कदम उठाने की तैयारी
TAGGED:farmers' uniongovernment procurementHaryana APMC (mandi) newsHaryana Paddy ProcurementKarnal APMC (mandi)paddy from Punjabpaddy from Uttar PradeshPaddy Liftingpaddy procurement disputeYamunanagar APMC (mandi)उत्तर प्रदेश की धानकरनाल मंडीकिसान यूनियनधान उठानधान खरीद विवादपंजाब की धानयमुनानगर मंडीसरकारी खरीदहरियाणा धान खरीदहरियाणा मंडी समाचार
Share This Article
Facebook Email Print
Leave a Comment

Leave a ReplyCancel reply

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
XFollow
YoutubeSubscribe

Weekly Newsletter

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!
[mc4wp_form]
Popular News
हरियाणा न्यूज़

हरियाणा में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, इन अधिकारियों को मिला अतिरिक्त प्रभार, देखिए पूरी लिस्ट

Yuva Haryana
Yuva Haryana
October 28, 2025
देवीलाल परिवार और सियासी शक्ति प्रदर्शन, अजय-अभय के बाद अब चाचा रणजीत सिंह की बारी
हरियाणा कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष के सामने कांग्रेसियों का हंगामा, राव नरेंद्र बोले- “हमें ऐसे कार्यकर्ताओं की जरूरत नहीं”
उद्यमियों से मिले दुष्यंत चौटाला, बदलते वक्त की चुनौतियों के लिए तैयार रहने पर दिया जोर
शौक का कोई मोल नहीं! इस VIP वाहन नंबर के लिए हरियाणा के एक शख्स ने खोला खजाना, लगाई रिकॉर्ड बोली
Global Coronavirus Cases

Confirmed

0

Death

0

More Information:Covid-19 Statistics
© Yuva Haryana. All Rights Reserved.
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?