Yuva Haryana : दिल्ली में सोमवार शाम को लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास हुए भीषण ब्लास्ट ने पूरे देश को दहला दिया है। इस विस्फोट में 10 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है और कई अन्य घायल हुए हैं।
दिल्ली विस्फोट के बाद पूरे देश में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है। महाराष्ट्र, बिहार, हरियाणा, उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।
पुलिस सार्वजनिक स्थानों पर जांच कर रही है और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रख रही है। खुफिया एजेंसियों को ऑनलाइन चैट पर भी नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं।
चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन पर सुरक्षा बढ़ाते हुए हरियाणा जीआरपी और केंद्रीय जीआरपी के कर्मचारी तैनात कर दिए है। पुलिस डॉग स्क्वॉड के साथ गाड़ियों की चेकिंग कर रही है।
फरीदाबाद पुलिस का बड़ा सर्च ऑपरेशन जारी है। गांव धौज, गांव फतेहपुर तगा क्षेत्र में सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है। सर्च में 1000 के आसपास जवान शामिल है। यहां दुकानों गाड़ियों की तलाशी ली जा रही है।
आपको बता दें कि बीते कल ही फरीदाबाद पुलिस और जम्मू कश्मीर पुलिस ने फतेहपुर तगा और धौज इलाके से भारी मात्रा में विस्फोटक और हथियारों का जखिरा बरामद किया था।
ब्लास्ट का हरियाणा से क्या कनेक्शन निकला ?
जांच में सामने आया है कि धमाके में इस्तेमाल हुई हरियाणा नंबर की आई-20 कार (HR 26-CE 7674) का लिंक हरियाणा के गुरुग्राम निवासी मोहम्मद सलमान से जुड़ा है। पुलिस ने सलमान को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।
दिल्ली पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया कि विस्फोटक कार हरियाणा के गुरुग्राम आरटीओ में रजिस्टर्ड थी। इसके बाद कार के पहले मालिक मोहम्मद सलमान को पुलिस ने पकड़ लिया।
हालांकि, यह भी सूचना सामने आ रही है कि कुछ समय पहले यह कार सेकंड हैंड कंपनी के जरिए पुलवामा निवासी तारिक को बेच दी थी। वहीं जम्मू-कश्मीर पुलिस ने तारिक को हिरासत में ले लिया है।
आपको बता दें कि दिल्ली में 14 साल बाद इतना बड़ा धमाका हुआ है।
दिल्ली में कब-कब हुए धमाके ?
- 7 सितंबर 2011 को दिल्ली हाई कोर्ट के बाहर सूटकेस बम ब्लास्ट हुआ था, जिसमें 17 की मौत और 76 लोग घायल हुए।
- 25 मई 2011 को दिल्ली हाई कोर्ट के बाहर खड़ी एक कार में छोटा ब्लास्ट हुआ था।
- 27 सितंबर 2008 को कुतुब मीनार के करीब महरौली फूल मार्केट के पास विस्फोट हुआ, जिसमें तीन लोगों की मौत और 21 लोग घायल हुए।
- 13 सितंबर 2008 को कनॉट प्लेस, बाराखबा रोड, गफ्फार मार्केट और जीके-1 में हुए ब्लास्ट में 24 लोगों की मौत और 100 से ज्यादा लोग घायल।
- 14 अप्रैल 2006 को पुरानी दिल्ली स्थित जामा मस्जिद के परिसर में दो ब्लास्ट हुए और इनमें 14 से ज्यादा लोग घायल हुए थे।
- 29 अक्टूबर 2005 को सरोजनी नगर मार्केट, गोविंदपुरी बस अड्डा और पहाड़गंज ब्लास्ट में 60 की मौत और 100 से ज्यादा लोग घायल।
- 22 मई 2005 को दिल्ली के सत्यम और लिबर्टी हॉल में हुए धमाके में दो लोगों की मौत और 60 से ज्यादा घायल हुए थे।
- 18 जून 2000 को लाल किला के करीब हुए विस्फोट में दो लोगों की मौत और कई घायल।
- 26 जुलाई 1998 को कश्मीरी गेट आईएसबीटी में खड़ी बस में हुए ब्लास्ट में दो लोगों की मौत और तीन घायल हुए थे।
- 30 दिसंबर 1997 को पंजाबी बाग में एक बस में हुए ब्लास्ट में चार सवारियों की मौत और 30 जख्मी थे।
- 30 नवंबर 1997 को लाल किला इलाके में दोहरे विस्फोट में तीन की मौत हुई, जबकि 70 से ज्यादा घायल हुए थे।
- 26 अक्टूबर 1997 को करोल बाग क्षेत्र में दो ब्लास्ट हुए, जिनमें एक की जान गई, जबकि 34 घायल हो गए थे।
- 18 अक्टूबर 1997 को रानी बाग मार्केट में दो बम विस्फोट में एक शख्स की जान गई और 23 घायल हुए थे।
- 10 अक्टूबर 1997 को शांति वन, कौड़िया पुल और किंग्सवे कैंप में तीन ब्लास्ट हुए और इनमें एक की मौत और 16 लोग घायल हुए।
- 1 अक्टूबर 1997 को सदर बाजार के क्षेत्र में दो विस्फोट हुए, जिसमें 30 लोग घायल हुए।
- 9 जनवरी 1997 को आईटीओ स्थित ओल्ड दिल्ली पुलिस हेडक्वार्टर के सामने विस्फोट हुआ, जिसमें 50 लोग घायल हुए थे।
- 21 मई 1996 को लाजपत नगर सेंट्रल मार्केट में तेज विस्फोट की चपेट में आकर 16 लोगों की मौत और 39 घायल हुए थे।



