By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
Yuva HaryanaYuva HaryanaYuva Haryana
Notification Show More
Font ResizerAa
  • Home
  • आज की ताजा खबर
  • हरियाणा न्यूज़
  • हरियाणा सरकार
  • भारत
  • स्वास्थ्य एवं जीवनशैली
  • खेल खिलाड़ी
  • राजनीति
  • सोशल-वायरल
  • कृषि
  • धर्म
  • अन्य
  • मनोरंजन
Reading: हरियाणा के 723 प्राथमिक स्कूलों में सिर्फ एक शिक्षक
Share
Font ResizerAa
Yuva HaryanaYuva Haryana
Search
  • Home
  • आज की ताजा खबर
  • हरियाणा न्यूज़
  • हरियाणा सरकार
  • भारत
  • स्वास्थ्य एवं जीवनशैली
  • खेल खिलाड़ी
  • राजनीति
  • सोशल-वायरल
  • कृषि
  • धर्म
  • अन्य
  • मनोरंजन
Have an existing account? Sign In
Follow US
शिक्षा

हरियाणा के 723 प्राथमिक स्कूलों में सिर्फ एक शिक्षक

khushi Mukhija
Last updated: November 6, 2026 12:11 pm
khushi Mukhija
Published: November 6, 2026
Share
SHARE

Yuva Haryana: हरियाणा में शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए भले ही सरकार मॉडल संस्कृति, पीएमश्री और सीएम एक्सीलेंस जैसे बड़े दावे कर रही हो, लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही बयां करती है। प्रदेश के प्राथमिक स्कूलों की स्थिति बेहद चिंताजनक है, जहां 723 राजकीय प्राथमिक स्कूल केवल एक-एक शिक्षक के भरोसे चल रहे हैं। इन एकल शिक्षक वाले स्कूलों में बाल वाटिका से लेकर पांचवीं कक्षा तक के 2 से लेकर 494 तक बच्चे पढ़ रहे हैं।

आरटीआई नियमों की उड़ रही धज्जियां

शिक्षा का अधिकार (आरटीआई) कानून के मुताबिक, प्राथमिक स्कूलों में हर 30 बच्चों पर एक शिक्षक होना अनिवार्य है। इसके विपरीत, हरियाणा के 287 प्राथमिक स्कूलों में एक अकेला शिक्षक 30 से ज्यादा बच्चों को पढ़ा रहा है। इनमें 13 मॉडल संस्कृति स्कूल भी शामिल हैं। इतना ही नहीं, 106 स्कूल ऐसे हैं जहां 50 से अधिक बच्चे नामांकित हैं।

भास्कर की ग्राउंड रिपोर्ट में यह खुलासा हुआ कि इन स्कूलों में चपरासी, मिड-डे मील पकाने वाला या सफाईकर्मी तक नहीं है। ऐसे में एक ही शिक्षक को बच्चों को पढ़ाने के साथ-साथ मिड-डे मील, साफ-सफाई और प्रशासनिक कार्यों की दोहरी व तिहरी जिम्मेदारी निभानी पड़ रही है।

ग्राउंड रिपोर्ट: शिक्षकों का दर्द और बेबस व्यवस्था

QS एशिया रैंकिंग में GJU को 192वां स्थान

कुरुक्षेत्र (फतेहगढ़ चम्मू): राजकीय प्राथमिक स्कूल पिछले 3 साल से सिंगल टीचर के सहारे है। यहां शिक्षक जितेंद्र कुमार पिछले 7 महीने से तैनात हैं और बाल वाटिका से 5वीं तक के 25 बच्चों को एक साथ ग्रुप में बैठाकर पढ़ाते हैं।

कैथल (बालंग): इस स्कूल में 46 विद्यार्थी हैं और डेढ़ साल से पढ़ाने की जिम्मेदारी जेबीटी बीरेंद्र सिंह पर है। उन्हें सुबह 30 मिनट पहले आकर ताला खोलना पड़ता है, कमजोर बच्चों को पढ़ाने के लिए ‘जीरो पीरियड’ लगाना पड़ता है, और सफाई से लेकर मिड-डे मील व प्रशासनिक कार्य भी खुद ही संभालने पड़ते हैं।

यमुनानगर (स्कूल नंबर-3): यहां 87 विद्यार्थियों को अकेली शिक्षिका मीनी रानी पढ़ाती हैं। स्कूल में न कोई सहायक है और न ही चपरासी, पूरा जिम्मा अकेले एक ही शिक्षक पर है।

अम्बाला (सुल्लर): शिक्षक कुलदीप पिछले ढाई साल से 79 बच्चों को अकेले पढ़ा रहे हैं। स्थिति यह है कि पिछले ढाई साल से उन्होंने कोई छुट्टी नहीं ली, क्योंकि 2 पद खाली हैं और 3-3 कक्षाओं को एक साथ पढ़ाना पड़ता है।

कर्णल (जोहड़ माजरा नैतान): यहां 55 छात्र हैं जिन्हें पिछले 6 महीने से इकलौते शिक्षक अशोक कुमार पढ़ा रहे हैं। जब डेपुटेशन पर आए शिक्षक ट्रेनिंग या अवकाश पर जाते हैं, तो अकेले शिक्षक को ही सभी कक्षाओं का जिम्मा संभालना पड़ता है।

हरियाणा में 3.64 लाख लोग अब भी निरक्षर

सबसे ज्यादा बच्चों वाले पांच एकल-शिक्षक स्कूल

मॉडल संस्कृति प्रा. स्कूल, शादीपुर (जिला यमुनानगर): 494 बच्चे

मॉडल संस्कृति प्रा. स्कूल, बिजोगढ़ (जिला फरीदाबाद): 315 बच्चे

मॉडल संस्कृति प्रा. स्कूल, काठ मंडी (जिला हिसार): 260 बच्चे

मॉडल संस्कृति प्रा. स्कूल, ढाकोला (जिला अम्बाला): 225 बच्चे

हरियाणा में जूनियर लेक्चर असिस्टेंट भर्ती के नए नियमों में बदलाव

गवर्नमेंट मॉडल संस्कृति प्रा. स्कूल, जैधर (जिला यमुनानगर): 191 बच्चे

सरकारी अभियानों का अतिरिक्त बोझ

बच्चों को पढ़ाने के अलावा शिक्षकों पर विभिन्न प्रकार के सरकारी अभियानों और सर्वे की भी जिम्मेदारी है। उदाहरण के लिए, सोनीपत के हरसाना कलां में शिक्षकों को शिक्षण कार्यों के साथ-साथ अन्य गैर-शैक्षणिक प्रशासनिक कार्यों में भी उलझना पड़ता है, जिससे विद्यार्थियों की पढ़ाई पर सीधा असर पड़ रहा है।

You Might Also Like

टैक्स की दरें बढ़ाकर नहीं बल्कि टैक्स का आधार बढ़ाकर मजबूत करेंगे हरियाणा की राजस्व व्यवस्था: मुख्यमंत्री
हरियाणा सूचना आयोग की नियुक्तियों पर सवाल, SCIC और चार SICs की कानूनी स्थिति स्पष्ट करने की मांग
हरियाणा में पहली IIT बनाने की कवायद तेज, दौड़ में ये जिला सबसे आगे
हरियाणा में शुरू हुई धरोहर शास्त्री इंटर्नशिप, छात्रों को मिलेगा एक महीने का प्रशिक्षण
हरियाणा में किसानों के लिए अच्छी खबर, प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने की नई योजना तैयार, पढ़ें
TAGGED:oneonlyprimarySchoolsteacharहरियाणा
Share This Article
Facebook Email Print
Leave a Comment

Leave a ReplyCancel reply

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
XFollow
YoutubeSubscribe

Weekly Newsletter

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!
[mc4wp_form]
Popular News
आज की ताजा खबरराजनीतिहरियाणा न्यूज़

राव इंद्रजीत की दक्षिण हरियाणा से बाहर सियासी दस्तक ! हांसी में राव तुलाराम का शहीदी दिवस कार्यक्रम

Yuva Haryana
Yuva Haryana
September 23, 2026
सिरसा बना हरियाणा का सबसे बड़ा कॉटन हब
युवाओं को नए साल का तोहफा, हरियाणा में इतने पदों पर निकली पुलिस कांस्टेबल की बंपर भर्ती
हरियाणा में आंगनबाड़ी वर्कर्स परेशान, छह महीने से नहीं मिला पूरा मानदेय
किशाऊ बांध परियोजना पर 6 राज्यों में हुआ बड़ा समझौता, जानें हरियाणा को क्या होगा फायदा ?
Global Coronavirus Cases

Confirmed

0

Death

0

More Information:Covid-19 Statistics
© Yuva Haryana. All Rights Reserved.
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?