हरियाणा में बारिश और ओलावृष्टि से फसलों को नुकसान, आगे भी बरसात के आसार

Yuva Haryana : हरियाणा में मंगलवार से बदला मौसम का मिजाज किसानों के लिए आफत बन गया है। प्रदेश के करीब 10 जिलों में बरसात के साथ हुई ओलावृष्टि के कारण फसलों को नुकसान पहुंचा है। आने वाले दिनों में भी बरसात के आसार है।
मंगलवार को नए पश्चिमी विक्षोभ के एक्टिव होने से प्रदेश के करीब 15 जिलों में बरसात हुई जबकि करीब 10 जिलों में बरसात के साथ ओले गिरे।
हिसार, भिवानी, रोहतक, फतेहाबाद, दादरी, झज्जर, अंबाला, जींद, कैथल, यमुनानगर और पानीपत में 200 से ज्यादा गांवों में ओलावृष्टि हुई। सबसे ज्यादा हिसार, फतेहाबाद, रोहतक, यमुनानगर और भिवानी में ओले गिरे।
बरसात से जहां गेहूं, चना और जौ की फसलों को फायदा पहुंचने की संभावना जताई जा रही है तो वहीं ओलावृष्टि के चलते सरसों की फसल और सब्जियों को भारी नुकसान का अनुमान है। इसके अलावा मटर, आलू, गाजर, मूली, खरबूजे की फसल में बरसात का पानी भरने के चलते नुकसान पहुंचा है।
हिसार में गांव बुड़ाक, सरसाना, बांडाहेड़ी, खासा महाजन, घुड़साल, बगला और कालीरामन में ओलावृष्टि हुई। सिरसा के नाथूसरी चौपटा, मोरीवाला, डिंग और शक्कर मंदोरी सहित 10 से ज्यादा गांवों में ओले गिरे।
झज्जर के बहादुरगढ़, बादली, पेलपा क्षेत्र के करीब 15 गांवों में ओले गिरे। दादरी के बाढड़ा क्षेत्र में हंसावास और कादमा सहित 10 गांवों में ओलावृष्टि हुई।
रोहतक के महम क्षेत्र में भैणी चंद्रपाल, भैणी सुरजन, सैमान, खेड़ी, बहलबा और भराणों आदि गांवों में ओले गिरे।
जींद के उचाना क्षेत्र में गांव घोघड़िया, कुचराना, कहसून और नरवाना के दनौदा व जाजनवाला गांवों में ओलावृष्टि हुई।
फतेहाबाद में दहमान, गोरखपुर, चिंदड़, कुम्हारिया और भोडा होसनाक गांवों में ओलावृष्टि हुई है। कुरुक्षेत्र में दयालपुर और बारवा गांवों में भी ओले गिरे है।
हरियाणा में कुरुक्षेत्र में सबसे ज्यादा बरसात करीब 20 एमएम, जींद में साढ़े 15, कैथल में 14, अंबाला में 9, पानीपत में साढ़े 8, पलवल-भिवानी में चार मिलीमीटर बरसात दर्ज की गई है।
हरियाणा राजस्व मंत्री विपुल गोयल ने कहा कि सरकार किसानों के साथ है। फसलों की विशेष गिरदावरी कराई जाएगी और नुकसान का मुआवजा सरकार की तरफ से दिया जाएगा।
आने वाले दिनों में हरियाणा में कड़ाके की ठंड और शीतलहर की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार दो-तीन दिन तक कोहरा छाया रहेगा। ऐसे में फिलहाल ठंड से राहत के आसार नहीं है। प्रदेश का औसतन न्यूनतम तापमान करीब आठ डिग्री दर्ज हुआ है।
एक खबर ये भी है कि फरवरी माह में भी पश्चिमी विक्षोभ का असर दिख सकता है। 31 जनवरी से 2 फरवरी के बीच बरसात की संभावना जताई गई है।
First published on: January 28, 2026 12:19 PM