Yuva Haryana : एक अनुमान के अनुसार हरियाणा में हर साल आवारा पशुओं के कारण 500 से ज्यादा सड़क हादसे होते है और इनमें करीब 200 लोगों की जान चली जाती है।
विधानसभा सेशन में दी गई जानकारी के अनुसार सड़कों पर आवारा पशुओं के कारण पांच साल में 3383 हादसों में 900 लोगों की जान चली गई और करीब तीन हजार लोग घायल हुए।
इन सड़क हादसों को रोकने के लिए हरियाणा सरकार नया कदम उठाने जा रही है। एक प्रमुख समाचार पत्र में प्रकाशित जानकारी के अनुसार लोक निर्माण विभाग ने पेट्रोलिंग टीम गठित की है और विभिन्न हाइवे पर 80 ब्लैक स्पॉट चिन्हित किए है, जहां पशुओं के कारण हादसों की संभावना बनी रहती है।
हर स्पॉट के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त किया हैं। एक-एक जेई और सुपरवाइजर को टीम में शामिल किया गया है और इनके नंबर भी सार्वजनिक किए जाएंगे ताकि स्पॉट पर आवारा पशु दिखते ही लोग उन्हें सूचित कर सके।
लोक निर्माण विभाग द्वारा अनेक हाईवे पर कैथल में 14, हिसार में 11, जींद-करनाल में 7-7, फतेहाबाद में 6, भिवानी-झज्जर में 4-4, सिरसा-रोहतक में 3-3 ब्लैक स्पॉट चिन्हित किए गए है। इनके अलावा अंबाला, दादरी, यमुनानगर, पंचकूला, नूंह, रेवाड़ी, पानीपत और सोनीपत में 2-2 ब्लैक स्पॉट और गुरुग्राम में एक ब्लैक स्पॉट चिन्हित किए गए है।
ज्यादातर ब्लैक स्पॉट शहरों के आसपास है। सब्जी-फलों की दुकान, सब्जी मंडी, गौशाला, काऊशोड, पशु आहार की दुकानों आदि हाईवे के आसपास होने को पशुओं के सड़क पर आने की वजह बताई गई है।



