Yuva Haryana: देशभर में बढ़ते प्रदूषण के बीच हरियाणा के लिए चिंताजनक खबर सामने आई है। वैश्विक वायु गुणवत्ता रैंकिंग (Global Air Quality Rankings) के ताजा आंकड़ों के अनुसार, हरियाणा के तीन प्रमुख शहर—फरीदाबाद, रोहतक और गुरुग्राम—दुनिया के शीर्ष 10 सबसे प्रदूषित शहरों की सूची में शामिल हो गए हैं। लाइव एयर क्वालिटी रैंकिंग के मुताबिक इन शहरों में हवा की गुणवत्ता लगातार खतरनाक और गंभीर स्तर पर पहुंच गई है।
फरीदाबाद, रोहतक और गुरुग्राम की स्थिति:
फरीदाबाद: वैश्विक रैंकिंग में फरीदाबाद छठे स्थान पर है। यहाँ का यूएस एक्यूआई (US AQI) 321 दर्ज किया गया, जो ‘खतरनाक’ (Hazardous) श्रेणी में आता है। यहाँ पीएम 2.5 (PM2.5) का स्तर 233 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर और पीएम 10 (PM10) का स्तर 293 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर दर्ज किया गया.
रोहतक: इस सूची में शामिल होने वाला रोहतक हरियाणा का दूसरा शहर है, जो वैश्विक स्तर पर आठवें स्थान पर है। यहाँ का एक्यूआई 295 दर्ज किया गया.
गुरुग्राम: गुरुग्राम वैश्विक रैंकिंग में नौवें स्थान पर रहा। यहाँ का एक्यूआई 287 दर्ज किया गया, जो ‘गंभीर’ (Severe) श्रेणी में आता है। इसके अलावा गुरुग्राम में पीएम 2.5 का स्तर 208 और पीएम 10 का स्तर 269 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर रिकॉर्ड किया गया.
स्मॉग की चादर और अन्य शहरों का हाल:
सोमवार और मंगलवार को गुरुग्राम और फरीदाबाद दोनों जुड़वां शहरों में धुंध और स्मॉग की घनी चादर छाई रही, जो सुबह और शाम के समय और अधिक गंभीर हो गई। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के अनुसार, गुरुग्राम के टेरी ग्राम (Teri Gram) में शाम 5 बजे एक्यूआई 334 दर्ज किया गया जो ‘बहुत खराब’ (Very Poor) श्रेणी में है, जबकि सेक्टर 51 और विकास सदन में यह क्रमशः 295 और 256 दर्ज किया गया.
उत्तर प्रदेश के शहरों ने भी इस सूची में अपना प्रभाव दिखाया, जहाँ मुजफ्फरनगर 354 एक्यूआई के साथ दुनिया में सबसे ऊपर रहा, उसके बाद ग्रेटर नोएडा (341) और बुलंदशहर (339) का स्थान रहा. इसके अलावा दिल्ली और नई दिल्ली ने चौथा और पांचवां स्थान हासिल किया.
शीतकालीन कार्ययोजना पर उठे सवाल:
बढ़ती हवा की खराब गुणवत्ता ने हरियाणा सरकार की विंटर एंटी-प्रदूषण एक्शन प्लान की प्रभावशीलता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस कार्ययोजना में गैर-बीएस6 (non-BS6) वाहनों के प्रवेश पर प्रतिबंध जैसे कड़े कदम शामिल हैं। इसके साथ ही, दीवाली नजदीक आने के कारण vehicular emissions (वाहन से निकलने वाले धुएं), निर्माण कार्य की धूल और पटाखों का धुआँ आने वाले दिनों में स्थिति को और अधिक बदतर बना सकता है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों की सलाह:
स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने नागरिकों को सलाह दी है कि वे:
- सुबह और शाम के समय बाहरी गतिविधियों (strenuous outdoor activity) से बचें।
- घर से बाहर निकलने से पहले एक्यूआई (AQI) स्तर की जांच जरूर करें।
- विशेष रूप से बच्चों, बुजुर्गों और सांस या हृदय से जुड़ी बीमारियों से पीड़ित लोगों को अच्छी तरह फिट होने वाले एन95 (N95) मास्क का उपयोग करने की सख्त सलाह दी गई है।

