Yuva Haryana : हरियाणा में ड्रंक एंड ड्राइव के मामलों में बढ़ोतरी हुई है। पिछले 11 महीनों का एक आंकड़ा सामने आया है, जिसमें पुलिस ने ड्रंक एंड ड्राइविंग के 63073 चालान किए है। गुरुग्राम, फरीदाबाद और करनाल जिले ऐसे मामलों में टॉप पर है।
ऐसे में हरियाणा पुलिस ने शराब पीकर गाड़ी चलाने वालों से सख्ती से निपटने का फैसला लिया है। ताजा जानकारी के मुताबिक राज्य के सभी टोल प्लाजा पर अल्कोहल सेंसर और ई-चालान मशीनों के साथ पुलिसकर्मियों को तैनात किया जाएगा।
हरियाणा के डीजीपी ओपी सिंह ने सभी टोल प्लाजा पर शाम छह बजे से रात 10 बजे तक पुलिसकर्मी तैनात करने के आदेश दिए है।
आपको बता दें कि हरियाणा पुलिस ने 1 जनवरी से 24 नवंबर 2025 तक पूरे प्रदेश में करीब 63 हजार लोगों के ड्रंक एंड ड्राइविंग के चालान किए है। इनमें गुरुग्राम में करीब 25 हजार, फरीदाबाद में करीब 7400, करनाल में 4851, पंचकूला में करीब 4200, जींद में करीब 3100 चालान किए गए है।
इन मामलों को देखते हुए हरियाणा पुलिस ने टोल प्लाजा पर पुलिस की विशेष टीमें तैनात करने का फैसला लिया है, जो कि एलको सेंसर और ई-चालान मशीनों से लैस होगी और मौके पर ही जांच कर तुरंत चालान करेगी।
आपको यह भी बता दें कि हरियाणा में सड़क दुर्घटना के कारण हर साल करीब पांच हजार लोगों की मौत होती है। ऐसे में डीजीपी निरंतर सड़क हादसों से निपटने के लिए नए-नए कदम उठा रहे है।
इससे पहले डीजीपी ने हरियाणा में सड़कों पर ब्लैक स्पॉट खत्म कराने के लिए केंद्रीय सड़क परिवहन विभाग और हरियाणा के लोक निर्माण विभाग को पत्र लिखा था।



