Yuva Haryana : हरियाणा में बुढ़ापा पेंशन के मुद्दे पर सियासत गरमाई हुई है। बुजुर्गों की पेंशन कटाने का बड़ा आरोप लगाते हुए कांग्रेस, जेजेपी और इनेलो ने प्रदेश की भाजपा सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।
इनेलो और कांग्रेस सड़क पर उतरने की तैयारी कर रही है। 14 फरवरी को सोनीपत में कांग्रेस विरोध प्रदर्शन करेगी। वहीं इनेलो ने 20 फरवरी को पंचकूला में बुढ़ापा पेंशन को लेकर प्रदेश स्तरीय बड़ा प्रदर्शन करने का ऐलान किया है। इतना ही नहीं इनेलो ने कांग्रेस पर भी सरकार में रहते हुए बुढ़ापा पेंशन काटने का आरोप जड़ा है। वहीं हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी सरकार पर लग रहे इन आरापों के जवाब में बुढ़ापा पेंशन नहीं कटाने की बात कही है।
इस बीच हरियाणा के पूर्व उपमुख्यमंत्री एवं जेजेपी नेता दुष्यंत चौटाला ने भाजपा सरकार पर जड़े गंभीर आरोप लगाए। दुष्यंत चौटाला ने सवाल करते हुए कहा कि बुढ़ापा पेंशन पर निरंतर झूठ बोलने की बजाय बीजेपी सरकार अपनी मंशा स्पष्ट करे कि वह समाज कल्याण से जुड़ी देश की बेहतरीन और बेहद पुरानी योजना पर प्रहार करके उसे समाप्त करने की साजिश क्यों कर रही है?
दुष्यंत चौटाला ने राज्य सरकार से मांग की है कि वे किसी भी बुजुर्ग की पेंशन न रोके और योजना से वंचित किए गए बुजुर्गों की बुढ़ापा पेंशन को तुरंत हर हाल में बहाल करे। अगर किसी के दस्तावेज में कोई छोटी-मोटी त्रुटियां है भी तो उसे सरकार घर-घर जाकर दुरुस्त करवाएं, न कि पेंशन को काटे।

दुष्यंत चौटाला ने ये भी कहा कि 1 नवंबर को घोषणा के बावजूद अब तक बुजुर्गों, विधवाओं और विकलांगों की पेंशन में 200 रुपये की बढ़ोतरी लागू नहीं की गई है। उन्होंने कहा कि आज भी हरियाणा में उतनी ही पेंशन दी जा रही है जितनी गठबंधन सरकार के तहत जेजेपी ने 1 जनवरी 2024 को लागू करवाई थी।
पूर्व डिप्टी सीएम ने कहा कि साल 1987 में जननायक चौधरी देवीलाल की दूरगामी सोच के चलते बुढ़ापा पेंशन की शुरुआत हरियाणा से हुई थी। इस योजना का अन्य राज्यों में अनुसरण किया जा रहा है जबकि हरियाणा में भाजपा सरकार इसे समाप्त करने में लगी हुई है।
दुष्यंत चौटाला ने भाजपा सरकार को चेताया और कहा कि बीजेपी पहले बुढ़ापा पेंशन काटती है और फिर जब इस बारे सीएम नायब सैनी से पूछा जाता है तो वे स्थिति स्पष्ट करने की बजाय ये कहते है कि किसी की पेंशन नहीं काटी गई है। दुष्यंत चौटाला ने कहा कि जेजेपी बुजुर्गों का अपमान नहीं सहेगी और भाजपा सरकार को न केवल काटी गई बुढ़ापा पेंशन को बहाल करना करना पड़ेगा बल्कि ये भी बताना पड़ेगा कि इस योजना को लेकर उनकी मंशा क्या है ?
वहीं इनेलो राष्ट्रीय अध्यक्ष अभय सिंह चौटाला ने कहा कि अब तक पूरे प्रदेश के 75 हजार से ज्यादा बुजुर्गों की पेंशन काटी जा चुकी है और मुख्यमंत्री बेशर्मी से कह रहे हैं कि कोई पेंशन नहीं काटी गई। यह आंकड़ा लगातार बढ़ता जा रहा है।
अभय ने कहा कि चौधरी देवीलाल ने बिना कोई शर्त लगाए बुजुर्गों के सम्मान के लिए 100 रुपए बुढ़ापा पेंशन शुरू की थी जो आज के 15 हजार रुपए के बराबर हैं।

अभय चौटाला ने बुढ़ापा पेंशन के मुद्दे पर कांग्रेस को भी घेरते हुए कहा कि कांग्रेस ने भी सत्ता में रहते कुछ शर्तें लगाकर पेंशन काटने की कोशिश की थी। लेकिन इनेलो पार्टी ने उस समय भी बुजुर्गों के सम्मान की लड़ाई लड़ी थी।
अभय ने कहा कि आज भाजपा द्वारा पेंशन काटे जाने पर इनेलो पार्टी चुप नहीं बैठेगी और 20 फरवरी को पंचकूला में प्रदेश स्तरीय बड़ा प्रदर्शन करेंगे और महामहिम राज्यपाल को एक ज्ञापन भी सौंपेंगे।



