Yuva Haryana : 77वें गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर साल 2026 के पद्म पुरस्कारों की घोषणा हुई। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने 131 नागरिक सम्मानों को मंजूरी दी।
इनमें 5 पद्म विभूषण, 13 पद्म भूषण और 113 पद्म श्री पुरस्कार शामिल है। अभिनेता धर्मेंद्र को मरणोपरांत पद्म विभूषण और क्रिकेटर रोहित शर्मा को पद्म श्री से सम्मानित किया जाएगा।
ये पुरस्कार कला, सामाजिक सेवा, उद्योग, विज्ञान, चिकित्सा, खेल और कृषि जैसे विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वालों को दिए जाएंगे। पद्म पुरस्कार में 19 महिलाएं, छह विदेशी और 16 हस्तियां ऐसी है, जिन्हें मरणोपरांत सम्मानित किया जाएगा।
केरल के दिग्गज मलयाली अभिनेता ममूटी, मशहूर बॉलीवुड गायिका अलका याग्निक, एडमैन स्व. पीयूष पांडे को पद्म भूषण अवार्ड जबकि पैरा एथलीट प्रवीण कुमार, महिला क्रिकेट टीम की कप्तान हरमनप्रीत कौर को पद्म श्री से सम्मानित किया जाएगा।
हरियाणा की तीन हस्तियों को पद्म श्री से सम्मानित किया जाएगा। इनमें कुरुक्षेत्र के शाहाबाद में रहने वाले हॉकी कोच बलदेव सिंह, सिरसा की हॉकी खिलाड़ी सविता पूनिया, पानीपत के बुनकर खेमराज सुंदरियाल शामिल है।
हरियाणा की महिला हॉकी में बदलाव लाने वाले द्रोणाचार्य अवार्ड से सम्मानित बलदेव सिंह की मेहनत के चलते एक समय में भारतीय टीम में आठ खिलाड़ी खेलीं। उनके प्रशिक्षण से 13 भीम और 3 अर्जुन पुरस्कार निकले। बलदेव सिंह का कहना है कि पद्म श्री का सम्मान मिलना उनके लिए सौभाग्य की बात है। 1994 से 2018 तक शाहाबाद में उनकी अकादमी महिला हॉकी की नर्सरी बनी। भारतीय टीम की उपकप्तान नवनीत कौर भी उनकी ही शिष्या है। नवनीत को भी पदम श्री के लिए चुना गया है।
वहीं सिरसा जिले के गांव जोधकां निवासी अर्जुन अवॉर्डी पूर्व हॉकी टीम कप्तान सविता पूनिया करीब 17 सालों से भारतीय हॉकी की मजबूत दीवार बनी हुई है। उनकी फुर्ती, लाइटनिंग रिफ्लेक्श और अहम मौकों पर की गई शानदार सेव्स ने कई बार टीम को हार से बचाया है और इसलिए ही उन्हें हॉकी जगत में आयरन वॉल कहा जाता है।
1975 में दिल्ली से पानीपत आए खेमराज ने न केवल दम तोड़ते पारंपरिक चादर को पुनर्जीवित किया है, बल्कि नई तकनीकों के माध्यम से पानीपत को एक वैश्विक एक्सपोर्ट हब बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उत्तराखंड निवासी खेमराज ने पानीपत के बुनकर सेवा केंद्र में रहते हुए कई क्रांतिकारी बदलाव किए है। यहीं नहीं रिटायरमेंट के बाद भी ये करीब एक हजार बुनकरों को आजीविका दे रहे है।
आपको बता दें कि पद्म अलंकरण तीन श्रेणियों में दिए जाते है। इस बार इनके लिए 39 हजार नामांकन आए थे। पहली बार 10 ऐसे जिलों से भी हस्तियां चुनी गई, जिन्हें अब तक अनदेखा किया जा रहा था।
इसके अलावा केंद्र सरकार ने वीरता और सेवा मेडल भी घोषित किए। इनमें अंतरिक्ष यात्री और वायु सेना में ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला को अशोक चक्र से सम्मानित किया गया है। 13 बहादुरों को शौर्य चक्र से सम्मानित किया गया है।



