हरियाणा में SMO की सीधी भर्ती पर विवाद, फैसला वापस लेने की क्यों उठी मांग ? जानें
अनिल विज का फैसला पलटते हुए अब हैल्थ विभाग ने एसएमओ की सीधी भर्ती का लिया फैसला

Yuva Haryana : हरियाणा में भाजपा सरकार द्वारा थोड़े दिन पहले ही लिए गए एक फैसले “सीनियर मेडिकल ऑफिसर (एसएमओ) की सीधी भर्ती” पर विवाद खड़ा हो गया। दरअसल, हरियाणा सिविल मेडिकल सर्विसेज एसोसिएशन ने इस सीधी भर्ती का विरोध किया है और भर्ती प्रक्रिया को तुरंत रोकने की मांग उठाई है।
साथ ही एसोसिएशन ने चेतावनी भी दी है कि यदि इस फैसले को वापस नहीं लिया जाता है तो डॉक्टर हड़ताल करने को मजबूर हो जाएंगे इसलिए मुख्यमंत्री और सभी आला अधिकारी इस सीधी भर्ती को रोकें।
आपको बता दें कि एक प्रमुख अखबार में प्रकाशित खबर के अनुसार प्रदेश सरकार ने 160 एसएमओ की सीधी भर्ती करने जा रही है। पिछले दिनों ही प्रदेश स्वास्थ्य मंत्री आरती राव की अध्यक्षता में हुई एक बैठक में इस भर्ती को मंजूरी दी गई थी।
साथ ही यह भी जानकारी दी गई है कि प्रदेश में एसएमओ के 644 पद हैं, जिनमें से 219 खाली हैं। स्वास्थ्य मंत्री के साथ हुई विभागीय बैठक में डॉक्टरों के खाली पदों को लेकर मुद्दा उठा था और इन पदों को जल्द से जल्द भरने के निर्देश दिए गए थे। बाद में 160 एसएमओ के पदों पर भर्ती को लेकर सहमति बनी थी।
लेकिन, अब इस भर्ती को लेकर विरोध शुरू हो गया है। हरियाणा सिविल मेडिकल सर्विसेज एसोसिएशन के अध्यक्ष के अनुसार संगठन लंबे समय से एसएमओ की भर्ती का विरोध कर रहा है, क्योंकि सीधी भर्ती की वजह से डॉक्टरों के बीच गतिरोध पैदा हो चुके है। सीधी भर्ती से ही 95 फीसदी से अधिक मेडिकल अफसरों को अपने पूरे जीवनकाल में सिर्फ एक ही बार पदोन्नति मिल पाती है।
उनका मानना है कि इसका असर डॉक्टरों के परफार्मेंस पर भी पड़ता है। पदोन्नति के अवसरों में कमी के कारण कई डॉक्टरों ने वीआरएस भी ले लिया है।
अपनी मांगों को लेकर एसोसिएशन ने मुख्यमंत्री और स्वास्थ्य विभाग को एक ज्ञापन भी सौंपा है, जिसमें बताया गया है कि हरियाणा को छोड़ किसी अन्य राज्य में एसएमओ की सीधी भर्ती का प्रावधान नहीं है। इसी को ध्यान में रखते हुए पूर्व में स्वास्थ्य मंत्री रहे अनिल विज ने एसएमओ की सीधी भर्ती पर रोक लगाने के आदेश दिए थे।
क्या था अनिल विज का फैसला ?
एक और प्रमुख अखबार में प्रकाशित खबर के अनुसार पिछली सरकार में स्वास्थ्य मंत्री रहे अनिल विज ने डॉक्टरों की मांग पर एसएमओ की भर्ती के लिए पद प्रमोशन के आधार पर भरते हुए सीधी भर्ती नहीं करने का फैसला लिया था, लेकिन अब यह महकमा आरती राव के पास है तो उन्होंने अनिल विज के इस फैसले को पलट दिया है। अब इस फैसले से हरियाणा सिविल मेडिकल सर्विसेज एसोसिएशन खासा नाराज है और इसे डॉक्टरों के साथ धोखा बता रही है।
First published on: November 08, 2025 12:16 PM