सस्ते दामों पर महंगी प्रॉपर्टी दिलाने के नाम पर बड़ी ठगी, जानिए कैसा हुआ इस प्रॉपर्टी स्कैम का खुलासा

Yuva Haryana : हरियाणा, दिल्ली, पंजाब, मध्य प्रदेश और गोवा में महंगी प्रॉपर्टी को सस्ते दामों पर दिलाने के नाम पर एक बड़ी ठगी का पर्दाफाश हुआ है। इस मामले में दिल्ली पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
दरअसल, इन आरोपियों ने गुरुग्राम के सबसे प्रीमियम प्रोजेक्ट डीएलएफ कैमेलियाज में एक फ्लैट को 12 करोड़ रुपये में बेच दिया जो कहीं था ही नहीं। इस मामले की जांच के बाद सामने आया है कि यह गिरोह अब तक कई राज्यों में 200 करोड़ रुपये से ज्यादा की ठगी कर चुका है।
आरोपियों की पहचान मोहित गोगिया, विशाल मल्होत्रा, सचिन गुलाटी, अभिनव पाठक और बरत छाबड़ा के रूप में हुई है। हालांकि, मुख्य मास्टरमांइड राम सिंह उर्फ बाबा जी फरार है।
इन सब पर आरोप है कि ये विभिन्न राज्यों में विवादित और फर्जी प्रीमियम प्रॉपर्टी की पहचान करते थे और इन संपत्तियों के फर्जी कागज तैयार करके लोगों को फंसाते थे।
पुलिस की जानकारी के अनुसार इस पूरे खेल का मास्टरमाइंड फरार आरोपी ‘बाबा जी फाइनेंस’ के नाम की कंपनी चलाता था। यह गिरोह एम्बिएंस मॉल के पास और दिल्ली-एनसीआर की अन्य प्राइम लोकेशन्स पर भी इसी तरह की ठगी कर चुका है।
पुलिस के मुताबिक 13 जून 2025 को दिल्ली की एक महिला से हुई 12.04 करोड़ की ठगी के बाद इस गिरोह का पता चला। ठगी की शिकार हुई महिला ने जानकारी दी कि एमजी लीजिंग एंड फाइनेंस कंपनी के मालिक मोहित गोगिया, भरत व अन्य ने उन्हें कैमिलियाज में प्रॉपर्टी दिखाकर ठगा।
आरोपियों ने महिला से दावा किया कि उनकी फर्म ने बैंक नीलामी में यह प्रॉपर्टी खरीदी है। महिला ने आरटीजीएस व डिमांड ड्राफ्ट से 12.4 करोड़ रुपए आरोपियों को ट्रांसफर कर दिए, लेकिन बाद में जांच में पता चला कि बैंक कागजात फर्जी है।
दिल्ली की इस महिला से 12 करोड़ की ठगी के बाद पूरे मामले का खुलासा हुआ। ठगी की रकम का 60 प्रतिशत हिस्सा मास्टरमाइंड बाबाजी के पास जाता था और बाकी हिस्सा गिरोह के अन्य सदस्यों में बंट जाता।
आरोपी मोहित के खिलाफ दिल्ली, पंजाब, चंडीगढ़ और मध्य प्रदेश में कुल 16 मामले दर्ज है। आरोपी भरत प्रॉपर्टी के फर्जी पेपर तैयार करवाता था। फर्जी पेपर तैयार होने के बाद यह गिरोह संपत्ती बेचने का दावा करते थे और ग्राहक मिलने पर उसका विश्वास जीतते और बाद में रकम को अपने खातों में ट्रांसफर करवा लेते थे।
First published on: December 29, 2025 04:30 PM