Yuva Haryana: हरियाणा के सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों की उपस्थिति बढ़ाने और पढ़ाई बीच में छोड़ने (ड्रॉपआउट) की प्रवृत्ति पर अंकुश लगाने के लिए राज्य सरकार ‘फिट इंडिया-फिट हरियाणा’ योजना शुरू करने जा रही है। इस योजना के तहत 1 अप्रैल 2027 से कक्षा 6वीं, 9वीं और 11वीं में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को मुफ्त साइकिलें उपलब्ध कराई जाएंगी। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने इस संबंध में शिक्षा विभाग के अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं।
किन छात्रों को मिलेगा योजना का लाभ?
यह योजना विशेष रूप से उन विद्यार्थियों के लिए तैयार की गई है, जिन्हें अपनी आगे की पढ़ाई पूरी करने के लिए अपने गांव से दूसरे गांव के स्कूल में जाना पड़ता है।
शिक्षा विभाग के आंकड़ों के अनुसार:
- 5वीं कक्षा के बाद: 2% छात्र स्कूल छोड़ देते हैं।
- 8वीं कक्षा के बाद: 6% छात्र पढ़ाई छोड़ते हैं।
- 10वीं कक्षा के बाद: सबसे अधिक 18% छात्र स्कूल छोड़ देते हैं।
इसका मुख्य कारण गांवों में मिडिल, उच्च या सीनियर सेकेंडरी स्कूलों की अनुपलब्धता तथा दूसरे गांवों में आने-जाने के परिवहन साधनों की कमी है। विभाग द्वारा तैयार किए गए आंकड़ों के मुताबिक, लगभग 56 हजार विद्यार्थी ऐसे पाए गए हैं, जिन्हें पढ़ाई के लिए दूसरे गांवों के स्कूलों में जाना पड़ता है।
स्कूलों में घट रही छात्र संख्या को थामने की पहल
प्रदेश के 14 हजार से अधिक सरकारी स्कूलों में 6ठी, 9वीं और 11वीं कक्षाओं में लाखों विद्यार्थी पढ़ते हैं।
नामांकन का आंकड़ा: कोविड-19 महामारी के समय सरकारी स्कूलों में छात्रों की संख्या 25 लाख से अधिक हो गई थी, जो अब घटकर लगभग 21 लाख रह गई है।
लक्ष्य: ड्रॉपआउट दर को कम करके छात्रों को स्कूलों से जोड़े रखना और उनकी नियमित पढ़ाई सुनिश्चित करना है।
मुख्य शर्तें व महत्वपूर्ण बिंदु
दोहरा लाभ नहीं मिलेगा: जो छात्र पहले से ही सरकार की ‘निशुल्क परिवहन योजना’ का लाभ ले रहे हैं, उन्हें इस साइकिल योजना का लाभ नहीं दिया जाएगा।
बजट और प्रक्रिया: योजना को लेकर विभागीय प्रस्ताव, बजट स्वीकृति, निविदा (टेंडर) प्रक्रिया, हाई पावर परचेज कमेटी (HPPC) की स्वीकृति और क्रय आदेश (पर्चेज ऑर्डर) जारी करने की प्रक्रिया जल्द शुरू होगी।
अगले बजट में घोषणा: इस योजना को राज्य सरकार के अगले बजट घोषणा सत्र में शामिल किया जाएगा।
शिक्षा मंत्री का वक्तव्य:
“प्रदेश के सरकारी स्कूलों में विभिन्न योजनाएं पहले भी शुरू की जा चुकी हैं। यह नई योजना है और इसके लिए कार्य शुरू किया जा रहा है, ताकि विद्यार्थियों को किसी तरह की दिक्कत न हो। यदि उनको दूसरे गांवों में पढ़ने जाना है तो वे आसानी से साइकिल से आ-जा सकेंगे।”
— महिपाल ढांडा, शिक्षा मंत्री, हरियाणा

