By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
Yuva HaryanaYuva HaryanaYuva Haryana
Notification Show More
Font ResizerAa
  • Home
  • आज की ताजा खबर
  • हरियाणा न्यूज़
  • हरियाणा सरकार
  • भारत
  • स्वास्थ्य एवं जीवनशैली
  • खेल खिलाड़ी
  • राजनीति
  • सोशल-वायरल
  • कृषि
  • धर्म
  • अन्य
  • मनोरंजन
Reading: भारत आए रूसी राष्ट्रपति, हरियाणा के अनेक परिवारों को पुतिन के दौरे से क्या उम्मीद ? जानें पूरी कहानी
Share
Font ResizerAa
Yuva HaryanaYuva Haryana
Search
  • Home
  • आज की ताजा खबर
  • हरियाणा न्यूज़
  • हरियाणा सरकार
  • भारत
  • स्वास्थ्य एवं जीवनशैली
  • खेल खिलाड़ी
  • राजनीति
  • सोशल-वायरल
  • कृषि
  • धर्म
  • अन्य
  • मनोरंजन
Have an existing account? Sign In
Follow US
अंतरराष्ट्रीय समाचारआज की ताजा खबरहरियाणा न्यूज़

भारत आए रूसी राष्ट्रपति, हरियाणा के अनेक परिवारों को पुतिन के दौरे से क्या उम्मीद ? जानें पूरी कहानी

Yuva Haryana
Last updated: December 5, 2025 4:26 pm
Yuva Haryana
Published: December 5, 2025
Share
SHARE

Yuva Haryana : करीब चार साल बाद भारत के दौरे पर रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन आए हैं। यह दौरा कई मायनों में खास है। पश्चिम और खासकर यूरोपीय देश पुतिन की इस यात्रा पर नजर बनाए हुए हैं।

इस बीच, हरियाणा के अनेक ऐसे परिवारों की भी पुतिन के भारत दौरे से उम्मीद जगी है, जिनके बेटे रूस-यूक्रेन युद्ध में फंसे हुए है।

एक प्रमुख समाचार पत्र में प्रकाशित हुई जानकारी के अनुसार कई परिवार वालों ने भारत के प्रधानमंत्री कार्यालय और विदेश मंत्रालय को आग्रह भेजकर मुद्दा रूस के शीर्ष नेतृत्व तक उठाने की मांग की है।

पानीपत एलिवेटेड एक्सप्रेसवे जनवरी 2027 से होगा टोल-फ्री !

इन परिजनों का कहना है कि एजेंटों ने झांसा देकर युवकों को पढ़ाई या नौकरी के नाम पर रूस भेजा था और फिर वहां के लोकल नेटवर्क ने धोखे से उन्हें रूसी सेना में भर्ती करवा दिया।

विदेश मंत्रालय द्वारा दी गई एक जानकारी के अनुसार भी 44 भारतीय रूसी सेना में शामिल हुए है। लेकिन, परिजनों का मानना है कि ये संख्या ज्यादा है।

यहां तक कि रूस-यूक्रेन युद्ध में हरियाणा के दो युवकों की मौत भी हो गई। दरअसल, अक्टूबर माह में हिसार जिले के गांव मदनहेड़ी के सोनू की युद्ध के दौरान ड्रोन हमले में मौत गई थी। मौत से पहले सोनू ने अपने घर वालों आपबीती बताते हुए बताया था कि उसे जबरन रूसी आर्मी में भर्ती किया गया। छह अक्टूबर को रूस की सेना के एक अधिकारी का पत्र के जरिए सोनू की यूक्रेन में ड्रोन हमले में मौत की सूचना दी गई।


गांव मदनहेड़ी का ही एक और युवक अमन भी सोनू के साथ रूस गया था। सोनू की मौत के समय उसका एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ था। वीडियो में अमन ने अपने हालात बयां करते हुए भारत सरकार से गुहार लगाई थी कि गार्ड की नौकरी का झांसा देकर उसे रूस बुलाया गया था, लेकिन 10 दिन के प्रशिक्षण के बाद उसे युद्ध के मैदान में भेज दिया गया और रोज वहां मौत उसके सामने खड़ी होती है।

धान-बाजरा खरीद में देरी, किसानों की बढ़ी मुश्किलें

इसी तरह इससे पहले सितंबर माह में कैथल जिले के कर्मचंद की भी रूस-यूक्रेन युद्ध के दौरान बमबारी में मौत हो गई। जनेदपुर गांव के 22 वर्षीय कर्मचंद को जर्मनी जाना था, लेकिन एजेंट ने उसे रूस भेज दिया और वहां सेना में भर्ती कर उसे युद्ध के मैदान में उतार दिया गया।

इन दो घटनाओं के बाद हरियाणा के युवा जहां रूस जाने से कतराने लगे तो वहीं परिजन भी रूस में गए हुए अपने बच्चों की खबर लेने लगे। ऐसे में अनेक युवाओं के लापता होने के मामले सामने आए। लंबे समय से अनेक परिवार वालों का अपने बच्चों के साथ संपर्क नहीं हुआ है।

रोहतक के तैमूरपुर गांव के संदीप सितंबर 2024 में रूस गए थे। परिजनों का कहना है कि उनके बच्चे को पढ़ाई के साथ कुक का काम देने का वादा एजेंट ने किया था, लेकिन रूस पहुंचते ही उसके हाथ में बंदूक थमा दी गई। हाल ही में उसने एक वीडियो भेजा था कि उसकी जान को खतरा है। इस वीडियो के बाद परिजनों का अपने बेटे के साथ संपर्क नहीं हुआ है।

अंबाला के 32 वर्षीय मोहम्मद जावेद अगस्त 2025 में रूस गए थे। परिजनों के मुताबिक जावेद ने उन्हें बताया कि एजेंट ने उसे सेना में मजदूर के तौर पर भर्ती किया था, लेकिन 15 दिन की ट्रेनिंग के बाद उसे बार्डर पर भेज दिया गया। ऐसे में थोड़े दिन पहले ही जावेद का फोन आया और उसने अपने परिवार को बच्चों और पत्नी का ख्याल रखने की बात कही। उसके बाद परिवार का जावेद के साथ कोई संपर्क नहीं हो रहा है।

मेवात इंजीनियरिंग कॉलेज की हालत खराब, छात्रों ने CM से मांगी मदद

इसी तरह फतेहाबाद के कुम्हारिया गांव के दो युवक अंकित और विजय भी रूस में फंसे हुए हैं। परिवार का उनसे डेढ़ महीने से कोई संपर्क नहीं है।

ऐसे में इन परिवारों का यही कहना है कि भारत सरकार उनके बेटों को बचाए, क्योंकि वह रूस में पढ़ने गए थे, न कि मरने। एजेंटों ने ही उनके बच्चों के साथ धोखा करके उन्हें युद्ध क्षेत्र में भेज दिया है। ये सभी परिवार रूस में फंसे अपने बच्चों की एक झलक के इंतजार में बैठे है और अब इनकी पुतिन के दौरे से खासा उम्मीद जगी है।

You Might Also Like

पदोन्नति के लिए 16 से 20 नवंबर तक होंगी विभागीय परीक्षाएं
हरियाणा में खिलाड़ियों की सुरक्षा के लिए क्या है सरकार का प्लान? अब सिस्टम सुधारने के लिए ये सख्त कदम उठाने की तैयारी
शादी के बंधन में बंधने जा रहीं ‘हॉकी की रानी’, बनेंगी सीए की दुल्हनिया
चांदी की तूफानी रफ्तार, सोने से ज्यादा तेज क्यों भाग रही चांदी? जानें
Haryana : ट्रांसफर के इंतजार में बैठे टीचरों के लिए अच्छी खबर, बदलाव के साथ नई Transfer Policy मंजूर
TAGGED:Russian President visits India. What do many families in Haryana expect from Putin's visit?भारतभारत आए रूसी राष्ट्रपतिराष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिनहरियाणा के अनेक परिवारों को पुतिन के दौरे से क्या उम्मीद ? जानें पूरी कहानी
Share This Article
Facebook Email Print
Leave a Comment

Leave a ReplyCancel reply

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
XFollow
YoutubeSubscribe

Weekly Newsletter

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!
[mc4wp_form]
Popular News
हरियाणा न्यूज़

हरियाणा में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, इन अधिकारियों को मिला अतिरिक्त प्रभार, देखिए पूरी लिस्ट

Yuva Haryana
Yuva Haryana
October 28, 2025
अब टैंकर माफियाओं की खैर नहीं ! हरियाणा के सीएम ने दिए ये सख्त आदेश
हरियाणा की डॉ. सुधा यादव बनीं कर्नाटक की राज्यपाल, कारगिल शहादत के बाद शुरू हुआ था राजनीतिक सफर
हरियाणा के पंचकुला में हजारों पेड़ ‘गायब’, शिकायत के बाद NGT की रिपोर्ट में हुआ बड़ा खुलासा, पढ़िए
अंबाला के कारीगर ने बनाए 221 फीट ऊंचे रावण के पुतले, दिल्ली और पंचकूला में होगा दहन
Global Coronavirus Cases

Confirmed

0

Death

0

More Information:Covid-19 Statistics
© Yuva Haryana. All Rights Reserved.
Loading Comments...
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?