Yuva Haryana : इस बार हरियाणा में भारी बारिश और जलभराव के कारण किसानों को बड़ा नुकसान हुआ है। लगभग दस लाख एकड़ खरीफ की फसलें डूबी और करीब दो लाख किसानों ने क्षतिपूर्ति पोर्टल पर नुकसान की जानकारी देते हुए मुआवजे की मांग की हैं।
हरियाणा में रबी फसल की बिजाई की शुरुआत हो गई है। ऐसे में लंबे समय से मुआवजे के इंतजार में बैठे किसानों के लिए एक राहत भरी खबर आई है।
दरअसल, हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी ने साल 2025 के मानसून के दौरान राज्य में आई भारी वर्षा और बाढ़ से प्रभावित किसानों को राहत प्रदान करने के लिए एक विशेष योजना की घोषणा की है। राज्य के सभी कृषि ट्यूबवेल किसानों के लिए जुलाई 2025 से दिसंबर 2025 की अवधि के बिजली बिलों का भुगतान छह माह के लिए स्थगित कर दिया गया है।
इस बार में सरकार का कहना है कि जुलाई 2025 में जारी बिजली बिल जनवरी 2026 में देय होंगे। इसी प्रकार अगस्त 2025 के बिजली बिल फरवरी 2026 में और दिसंबर 2025 के बिल जून 2026 में भर सकेंगे। इस निर्णय से राज्य के लगभग 7.10 लाख कृषि उपभोक्ता लाभान्वित होंगे।
साथ ही राज्य सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि इस अवधि के दौरान यूएचबीवीएन और डीएचबीवीएन द्वारा किसी भी कृषि ट्यूबवेल उपभोक्ता से विलंब अधिभार (Late Payment Surcharge) नहीं वसूला जाएगा तथा बिजली आपूर्ति सामान्य रूप से जारी रहेगी। इस सन्दर्भ में बिजली निगमों पर पड़ने वाले वित्तीय बोझ को हरियाणा सरकार द्वारा वहन किया जाएगा।
सरकार का मानना है कि यह निर्णय भारी वर्षा एवं बाढ़ से प्रभावित किसानों को तात्कालिक आर्थिक राहत प्रदान करने के उद्देश्य से लिया गया है ताकि किसान अपनी कृषि गतिविधियों को दोबारा आरंभ कर सकें।



