Yuva Haryana : आजकल बेहतर जीवन के सपनों की चाहत में हरियाणा के युवा बिना किसी जानकारी के विदेश जाने का सपना देखते है और एजेंट्स के जाल में फंसते ही जा रहे है। विदेश में नौकरी के नाम पर एजेंट उन्हें कहीं भी भेज देते है और वहां युवाओं को बहुत बड़ी-बड़ी मुसीबतों का सामना करना पड़ता है।
ताजा मामले अंबाला जिले से सामने आएं है, जहां रूप से डिपोर्ट होकर आए दो युवकों ने प्रदेश के कैबिनेट मंत्री को अपनी आपबीती बताई। डिफेंस कॉलोनी निवासी शिकायतकर्ता ने मंत्री को बताया कि गांव पंजोखरा साहिब और दयालबाग निवासी दो एजेंटों ने उसे जॉर्जिया भेजने का झांसा दिया और इसके बदले पांच लाख रुपये की मांग की।
शिकायतकर्ता ने एजेंटों को रकम सौंप दी, लेकिन उसे जॉर्जिया के बजाय मक्का भेज दिया गया। बाद में एजेंटों ने उसे अवैध रूप से टूरिस्ट वीज़ा पर रूस भेज दिया, जहां स्थानीय पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। शिकायतकर्ता को लगभग दो महीने जेल में रखा गया और फिर भारत वापस डिपोर्ट कर दिया गया। उसने आरोप लगाया कि एजेंटों ने उसके साथ करीब 8.5 लाख रुपये की ठगी की।
इसी प्रकार, दूसरे युवक ने भी इन दोनों एजेंटों पर अवैध रूप से रूस भेजने और धोखाधड़ी करने के आरोप लगाए। उसने बताया कि रूस पहुंचने के बाद उसे वर्क परमिट नहीं मिला और जब उसने एजेंट से संपर्क किया, तो उसे धमकियां दी गई। बाद में रूस की पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर भारत डिपोर्ट कर दिया। युवक ने एजेंटों पर लगभग 9 लाख रुपये की ठगी का आरोप लगाया है।
दोनों मामलों की गंभीरता को देखते हुए मंत्री अनिल विज ने पुलिस अधिकारियों को तत्काल जांच शुरू करने और दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने के निर्देश दिए।



