Yuva Haryana : हरियाणा में इन दिनों एक पूर्व आईपीएस अधिकारी को एक राजनेता द्वारा जूते मारने का विषय खासा चर्चा में चल रहा है। दरअसल, महेंद्रगढ़ के सेवानिवृत्त आईपीएस रामसिंह यादव का एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिस पर सियासत गरमाई हुई है और लोग राजनीतिक चुस्कियां ले रहे है।
आपको बता दें कि वायरल वीडियो में पूर्व आईपीएस अधिकारी ने साल 2003 में पूर्व इनेलो सरकार के दौरान इनेलो नेता अभय चौटाला पर 39 जूते मारने का आरोप लगाया है।
अब इस मामले में विवाद और बढ़ता हुआ दिखाई दे रहा है। एक प्रमुख समाचार पत्र में प्रकाशित खबर के अनुसार इनेलो नेता अभय चौटाला ने इस वायरल वीडियो पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है और 100 करोड़ रुपये के मानहानि का नोटिस भेजने की बात कही है।
अभय चौटाला का कहना है कि इनेलो की बढ़ती लोकप्रियता से परेशान राजनीतिक विरोधियों द्वारा आजकल झूठ, फरेब और गलत बयानबाजी के माध्यम से साजिशें रची जा रही है और ऐसे लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई के माध्यम से माफी मंगवाने का काम किया जाएगा।
ऐसे में इनेलो अब 39 जूते मारने का बयान देने वाले रिटायर्ड आईपीएस अधिकारी के विरुद्ध कोर्ट में मानहानि का मुकदमा दायर करेगी।
अभय चौटाला ने कहा कि यदि रिटायर्ड आईपीएस अधिकारी सच्चे थे तो वे आईपीएस एसोसिएशन में क्यों नहीं गए। शिकायत क्यों नहीं दर्ज करवाई। मेडिकल क्यों नहीं करवाया। कई अनेक कारण हैं, जो साबित करते हैं कि आरोप गलत हैं।
इनेलो नेता ने कहा कि इस मामले में लीगल नोटिस तैयार कर लिया है और जल्द ही संबंधित को भेज दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि रिटायर्ड आईपीएस अधिकारी सार्वजनिक रूप से माफी मांगेगा या फिर कोर्ट में जाकर सिद्ध करना होगा, जो आरोप लगाए हैं वह सही साबित करें, नहीं तो सजा भुगतेंगे।
उधर, सेवानिवृत्त आईपीएस अधिकारी की ओर से भी प्रतिक्रिया सामने आई है और उन्होंने दोबारा दावा किया कि वे अपना पक्ष साबित करेंगे। उन्होंने कहा कि अभय चौटाला मानहानि का केस दर्ज करवाएं। अगर वे गलत हुए तो उनको 100 करोड़ रुपये देंगे और नहीं तो उनको 100 करोड़ रुपये देने होंगे।
पूर्व आईपीएस का क्या आरोप ?
आपको बता दें कि सेवानिवृत्त आईपीएस रामसिंह यादव का आरोप है कि साल 1995 में सिरसा में रास्ता रोको आंदोलन के दौरान उन्होंने अभय चौटाला को गिरफ्तार किया गया था। इसके बाद साल 2000 में जब इनेलो की सरकार आई तो साल 2003 में सरकारी गाड़ी के दुरुपयोग के आरोप में उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया और गांव चौटाला की पुलिस चौकी में ले जाकर उन्हें प्रताड़ित किया गया। रामसिंह यादव के मुताबिक थानेदार की कुर्सी पर अभय चौटाला बैठे हुए थे और उनको थर्ड डिग्री टॉर्चर दिया गया। खुद अभय सिंह चौटाला ने उनको 39 जूते मारे थे।
पूर्व आईपीएस की इस वायरल वीडियो की राजनीतिक गलियारे में खूब चर्चा हो रही है। इस बीच, इस मामले में अभय चौटाला के भतीजे और जेजेपी युवा प्रदेश अध्यक्ष दिग्विजय चौटाला की भी प्रतिक्रिया सामने आई है। दिग्विजय ने कहा कि यह बेहद गंभीर आरोप है। उन्होंने कहा कि एक वरिष्ठ अधिकारी के साथ अगर ऐसा हुआ है तो यह बहुत सोचने वाली बात है। दिग्विजय ने कहा कि जिनकी ऐसी सोच रही थी और हैं, उन्हें इन आरोपों का जवाब देना चाहिए।



