Yuva Haryana: यमुनानगर-कुरुक्षेत्र मार्ग पर सफर करने वाले यात्रियों के लिए राहत और इंतजार दोनों की खबर है। व्यस्त रहने वाले इस मुख्य मार्ग को ₹26.90 करोड़ की लागत से मजबूत और पुनर्निर्मित (सड़क की सतह को दुरुस्त) किया जा रहा है। हालांकि, लंबे समय से लंबित इसे पूरी तरह ‘फोर-लेन’ (चार लेन) बनाने की मांग के लिए यात्रियों को अभी और इंतजार करना पड़ेगा।
इस व्यस्त मार्ग पर रोजाना लगभग 15,000 से 16,000 वाहन गुजरते हैं।
लोक निर्माण विभाग (PWD) का मरम्मत कार्य शुरू
लोक निर्माण विभाग (PWD) द्वारा वर्तमान में यमुनानगर जिले में सड़क के मौजूदा 10-मीटर चौड़े हिस्से को मजबूत करने का कार्य किया जा रहा है।
PWD टेंडर दस्तावेजों के अनुसार, मजबूतीकरण का यह कार्य दो मुख्य हिस्सों में किया जा रहा है:
किलोमीटर 37.18 से 49.60 के बीच
किलोमीटर 51.90 से 55.00 के बीच
रादौर के विधायक और कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा ने सितंबर में यमुनानगर-रादौर सेक्शन पर इस सुधार कार्य का शुभारंभ किया था, जिसे 13 महीनों के भीतर पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
फोर-लेन के लिए DPR बनाने की प्रक्रिया जारी
यमुनानगर-कैथल मार्ग (रादौर, कुरुक्षेत्र और ढांड के रास्ते) को फोर-लेन बनाना एक अलग परियोजना है। इसके लिए सरकार विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार करने हेतु कंसलटेंट नियुक्त करने की प्रक्रिया में है।
PWD के कार्यकारी अभियंता (XEN) पुनीत मित्तल ने बताया कि कंसलटेंट चयन की प्रक्रिया चल रही है। यह रिपोर्ट परियोजना का डिजाइन, आवश्यक भूमि, लागत और क्रियान्वयन योजना तय करेगी।
स्थिति: यमुनानगर जिले में इस मार्ग के लगभग 20 किलोमीटर हिस्से में से केवल 4.18 किलोमीटर हिस्सा ही अब तक फोर-लेन हो पाया है, जबकि बाकी बचे हिस्से पर भारी ट्रैफिक का दबाव बना हुआ है।
फोर-लेन निर्माण को लेकर राजनीति और विरोध
मुख्यमंत्री का वादा: मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने फरवरी 2026 में इस मार्ग को फोर-लेन करने की घोषणा की थी और 2026-27 के बजट में भी इस प्रस्ताव को दोहराया है। इससे पहले, अगस्त 2021 में तत्कालीन उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने 2023 से पहले इसे फोर-लेन बनाने का वादा किया था। वहीं, मुख्यमंत्री सैनी ने अक्टूबर 2024 में भी इस प्रतिबद्धता को दोहराया था।
किसानों का प्रदर्शन: भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) के जिलाध्यक्ष सुभाष गुर्जर के नेतृत्व में किसानों ने सड़क मरम्मत और चौड़ीकरण की मांग को लेकर कई बार चक्का जाम किया है। गुर्जर का कहना है कि यह सड़क यमुनानगर के लोगों की जीवन रेखा (लाइफलाइन) है, इसलिए इसे जल्द से जल्द फोर-लेन बनाया जाना बेहद जरूरी है।
हाईकोर्ट में जनहित याचिका (PIL): जगाधरी जिला बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष एडवोकेट राम कुमार रादौरी ने पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय में जनहित याचिका दायर कर इसे फोर-लेन बनाने के निर्देश देने की मांग की है। एनएचएआई (NHAI) के वकील के अनुरोध पर इस मामले की सुनवाई 28 अक्टूबर तक स्थगित कर दी गई है।

