चिरायु-आयुष्मान भारत योजना का लाभ लेने के लिए बढ़ाया गया दायरा – अनिल विज

Sahab Ram
3 Min Read

Yuva Haryana – हरियाणा के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री अनिल विज ने कहा कि राज्य में योगशालाओं सहित 500 हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर स्थापित किए जाएंगे। इसके लिए बजट में प्रावधान किया गया है। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री ने कहा कि सरकार आयुष चिकित्सा पद्धति के माध्यम से स्वास्थ्य देखभाल के दृष्टिकोण को इलाज की अपेक्षा रोगों की रोकथाम की ओर केन्द्रित करना चाहते हैं।

उन्होंने बताया कि सभी नियमित सरकारी कर्मचारियों के लिए कैशलेस स्वास्थ्य सुविधा 1 जनवरी, 2024 से लागू कर दिया गया है। इसका उद्देश्य कर्मचारियों की जेब पर स्वास्थ्य-देखभाल के व्यय का भार को कम करना है।

विज ने कहा कि इसके लिए अब तक 556 सूचीबद्ध अस्पतालों को शामिल किया गया है और 1340 उपचार पैकेजों को इस योजना के पोर्टल पर एकीकृत किया गया है। उन्होंने बताया कि यह सरकारी कर्मचारियों की लंबे समय से लंबित मांग को पूरा करेगा और उनके परिवार की स्वास्थ्य देखभाल लागत को वहन करने में महत्वपूर्ण राहत प्रदान करेगा।

उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष से प्रदेश में चिरायु-आयुष्मान भारत योजना का लाभ उन परिवारों को भी देना शुरू किया था, जिनकी परिवार पहचान पत्र में वार्षिक आय 1.80 लाख रुपये से 3 लाख रुपये तक थी। इसके लिए उन्हें 1500 रुपये का वार्षिक भुगतान करना होता है। लेकिन प्रदेश के वित वर्ष 2024-25 में इसका विस्तार किया गया है अब चिरायु-आयुष्मान भारत योजना का लाभ उन परिवारों तक बढ़ाया गया है जिनकी वार्षिक आय 3 लाख से 6 लाख रुपये है। वे लोग 4000 रुपये के वार्षिक योगदान का भुगतान करके इस योजना का लाभ ले सकते हैं। इसके अलावा 6 लाख रुपये से अधिक की वार्षिक आय वर्ग वाले लोग भी 5000 रुपये के वार्षिक योगदान का भुगतान करके इसका लाभ प्राप्त कर सकते हैं।

उन्होंने कहा कि वर्ष 2023 में पंडित भगवत दयाल शर्मा पोस्ट ग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज, रोहतक द्वारा किडनी प्रत्यारोपण शुरू किया गया है और अब शीघ्र ही लीवर प्रत्यारोपण का कार्य भी शुरू किया जाएगा, जिसके लिए स्वीकृति प्रदान कर दी गई है।

Share This Article
Leave a comment